कैश निकालने का नया नियम हुआ लागू

कैश लेन-देन के नियम में बदलाव होने जा रहा है। सरकार ने एक सीमा से अधिक के कैश निकालने पर 2 फीसदी TDS लगाया है। अगर कोई व्यक्ति एक वित्तीय वर्ष में एक करोड़ रुपये से अधिक धनराशि अपने बैंक, पोस्ट ऑफिस या को-ऑपरेटिव बैंक के खाते से निकलता है तो उसे 2 फीसदी टीडीएस देना होगा। ये कदम कैशलेस इकॉनमी बढ़ावा और बड़े नकद लेनदेन को रोकने के लिए उठाया गया है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में नकद लेनदेन पर टीडीएस लगाने की घोषणा की थी।

यह प्रावधान सरकार, बैंकिंग कंपनी, बैंकिंग में लगी सहकारी समिति, डाकघर, बैंकिंग प्रतिनिधि और व्हाइट लेबल एटीएम परिचालन करने वाली इकाइयों पर लागू नहीं होगा, क्योंकि व्यवसाय के तहत उन्हें भारी मात्रा में नकद का इस्तेमाल करना होता है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 2017-18 में करीब दो लाख लोगों और इकाइयों ने बैंक खातों से एक-एक करोड़ रुपये से अधिक की राशि निकाली। इन इकाइयों ने कुल मिलाकर 11.31 लाख करोड़ रुपये की निकासी की। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण में कहा था, कारोबारी भुगतान नकद में करने को हतोत्साहित करने के उद्देश्य से मैं बैंक खाते से एक साल में एक करोड़ रुपये से अधिक की निकासी पर दो प्रतिशत टीडीएस का प्रस्ताव किया जाता है।

वित्त वर्ष 2017-18 में 1.03 लाख से अधिक इकाइयों ने एक से दो करोड़ रुपये की निकासी की और उनकी कुल मिलाकर निकासी 1.43 लाख करोड़ रुपये रही। वहीं 58,160 इकाइयों ने दो से पांच करोड़ रुपये की निकासी की और उनकी कुल मिला कर नकद निकासी 1.75 लाख करोड़ रुपये थी। इसी तरह 14,552 इकाइयां ऐसी थीं जिन्होंने साल के दौरान बैंक खातों से 5 से 10 करोड़ रुपये निकाले और उनकी कुल निकासी 98,900 करोड़ रुपये रही। इसके अलावा 7,300 लोग ऐसे रहे जिन्होंने 10 से 100 करोड़ रुपये की निकासी की। उनकी कुल निकासी 1.57 लाख करोड़ रुपये रही।

Leave a Reply

Please log in using one of these methods to post your comment:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s